ACB takes major action in Ambala: Wildlife Inspector arrested red-handed while accepting a bribe of Rs 30,000

अंबाला में ACB का बड़ा एक्शन: वाइल्ड लाइफ इंस्पेक्टर 30 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार

ACB takes major action

ACB takes major action in Ambala: Wildlife Inspector arrested red-handed while accepting a bribe of

हरियाणा के अंबाला में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए Anti Corruption Bureau Haryana (ACB) की टीम ने वाइल्ड लाइफ विभाग के एक इंस्पेक्टर और उसके ड्राइवर को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के बाद सरकारी महकमे में हड़कंप मच गया है।

30 हजार रुपये लेते पकड़े गए

ACB से मिली जानकारी के अनुसार, वाइल्ड लाइफ विभाग में तैनात इंस्पेक्टर राकेश कुमार और उसके ड्राइवर भरत को 30 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया गया। यह कार्रवाई ट्रैप ऑपरेशन के तहत की गई।

शिकायतकर्ता संदीप, जो डॉग और पिग फार्म संचालित करता है, ने ACB को दी शिकायत में बताया कि पशुओं के चारे के लिए रखे गए मांस को लेकर इंस्पेक्टर ने उस पर दबाव बनाना शुरू कर दिया था।

50 हजार की मांग, 20 साल जेल की धमकी

संदीप के अनुसार, इंस्पेक्टर राकेश कुमार ने कानूनी कार्रवाई का डर दिखाते हुए उससे 50 हजार रुपये की मांग की। कथित तौर पर यह भी कहा गया कि यदि पैसे नहीं दिए गए तो उसे 20 साल तक की सजा हो सकती है।

बाद में दोनों पक्षों के बीच 40 हजार रुपये में सौदा तय हुआ। इसमें से 10 हजार रुपये पहले ही लिए जा चुके थे, जबकि शेष 30 हजार रुपये देने के लिए संदीप को कार्यालय बुलाया गया था।

ट्रैप लगाकर दबोचा

जैसे ही इंस्पेक्टर और उसके ड्राइवर ने 30 हजार रुपये की राशि स्वीकार की, पहले से सतर्क ACB टीम ने मौके पर ही दोनों को पकड़ लिया। पूरी कार्रवाई नियमानुसार की गई और रकम को साक्ष्य के रूप में जब्त किया गया।

ACB अधिकारियों के अनुसार, दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। उनके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया जाएगा।

विभाग में मचा हड़कंप

इस कार्रवाई के बाद वाइल्ड लाइफ विभाग सहित अन्य सरकारी दफ्तरों में हलचल देखी जा रही है। ACB का कहना है कि भ्रष्टाचार के मामलों में ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति के तहत कार्रवाई जारी रहेगी।

प्रारंभिक जांच में यह भी देखा जाएगा कि क्या इस प्रकरण में अन्य किसी अधिकारी या कर्मचारी की संलिप्तता है।

फिलहाल, आरोपियों से पूछताछ जारी है और जल्द ही उन्हें अदालत में पेश किया जाएगा।